कुछ कलाकार ऐसे भी होते हैं जो अपने एकमात्र किरदार की इतनी गहरी छाप छोड़ जाते हैं जिन्हें भूल पाना लगभग असंभव हो जाता है और अपनी अभिनय कला से उस किरदार में ऐसे रंग जाते है की लोग उन्हें उसी किरदार के रूप में पूछने लगते हैं और आज हम जिन अभिनेता की बात कर रहे हैं उनका भी हिंदी सिनेमा में कुछ ऐसा ही योगदान रहा है, जिसे कभी भूला नहीं जा सकता। यदि आपने सन 1988 की महाभारत देखी है तब तो आप इन्हें बखूबी पहचान सकते हैं। हम बात कर रहे हैं महाभारत जैसे महान धारावाहिक में कारण का महान किरदार निभा चूके अभिनेता पंकज धीर की, जिन्होंने अपने कान के किरदार से लोगों के दिलों को इस कदर जीता की आज भी कुछ लोग कर्ण के किरदार की मूर्ति बनाकर मंदिर में पूजा करते हैं। बता दें, पंकज को महाभारत के अलावा सौगंध सनम, बेवफ़ा बादशाह जैसी फिल्मों के लिए भी जाना जाता है और साथ ही बड़े पर्दे के अलावा वो छोटे पर्दे पर भी अपनी विशेष भूमिकाएं निभा चूके हैं। जिनमें बात चन्द्रकांता, ससुराल सिमर का जैसे टीवी धारावाहिकों में नजर आए। इतना ही नहीं एक बेहतरीन ऐक्टर होने के साथ साथ पंकज एक निर्देशक और लेखक भी रह चूके हैं। उन्होंने कई फेमस लेखेकों के लेखन में मदद की है। तो दोस्तों आज हम हमारे विडिओ में बहुमुखी प्रतिभा के धनी रहे अभिनेता पंकज धीर के शुरुआती जीवन से लेकर उनके करिअर और निजी जीवन के बारे में बात करेंगे। तो जानने के लिए हमारे इस वीडियो के अंत तक बने रहे। बात करे इनकी प्रारंभिक जीवन की तो इनका जन्म 9 नवंबर 1956 को मुंबई में हुआ था। पंकज एक पंजाबी परिवार से ताल्लुक रखते हैं। उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा मुंबई के सेंट थेरेसा हाई स्कूल से प्राप्त की है। इसके बाद एमके कॉलेज से स्नातक की पढ़ाई पूर्ण की। पंकज बचपन से ही अपने पिता की तरह एक सफल निर्देशक बनना चाहते थे। इस कारण उन्होंने हिंदी सिनेमा की तरफ अपनी रुचि दिखाई, जिसके परिणामस्वरूप वसंत 1983 की फ़िल्म सूखा में एक छोटी सी भूमिका निभाते हुए नजर आए। सूखा एक 1983 की हिंदी ड्रामा फ़िल्म है।
Q.पंकज धीर के पिता कौन हैं?
Ans: C.l.Dheer.
इसका निर्देशन किया है इस फ़िल्म में। पंकज धीर के अलावा अनंतनाग, सी आर सिंह, लवली नमधु जैसे कलाकार मौजूद रहे। इसकी कहानी कर्नाटक में अकाल की राजनीति से संबंधित है। इसके बाद अजय शर्मा की फ़िल्म मेरा सुहाग में नजर आए। फ़िल्म में पंकज के साथ अभिनेत्री दीप्ति नवल, रति अग्निहोत्री भी मौजूद थीं। फ़िल्म में पंकज के किरदार को दर्शकों द्वारा बेहद पसंद किया गया। उसके बाद उन्हें और भी कई फिल्मों में काम करने का मौका मिला। पंकज को असली सफलता सन 1988 में बी आर चोपडा के महाकाव्य टेलीविज़न श्रृंखला महाभारत से मिली, जिसमें उन्होंने महान योद्धा कर्ण की भूमिका निभाई। सूर्यपुत्र कर्ण की भूमिका निभाने के बाद पंकज बेहद लोकप्रिय हो गए। उनकी तस्वीरों का उपयोग पाठ्यपुस्तकों में कर्ण के संदर्भ में किया गया था और इसके अलावा उनकी मूर्तियों को करनाल और बस्तर के मंदिरों में कारण के रूप में पूजा जाता है।
Q.पंकज धीर पंजाबी है ?
Ans: yes .he is an actor and director also.
इस महाकाव्य में पहले पंकज को अर्जुन के किरदार के लिए चुना गया था, लेकिन महाभारत में अर्जुन के एक सीन में पंकज को अपनी मूंछें हटाने को कहा गया, जो उन्हें मंजूर नहीं था। सब के लाख समझाने के बाद भी बस किरदार के लिए राजी नहीं हुए और उन्होंने महाभारत करने से ही मना कर दिया। कुछ महीने बाद बी आर चोपडा ने उन्हें फिर से बुलाया और कर्ण का किरदार निभाने को कहा। लेकिन पंकज कोई निगेटिव किरदार भी नहीं करना चाहते थे इसलिए उन्होंने पहले ये किरदार करने से भी मना कर दिया। लेकिन कुछ दिनों बाद सब के समझाने पर वह पूरी कहानी समझने के बाद उन्होंने कर्ण के किरदार के लिए हाँ कह दिया और उनके इस फैसले से हीबा हिंदी सिनेमा में यह मुकाम हासिल कर पाए। इसके अलावा पंकज पर्दा है, पर्दा दोस्ती की सौगंध इस सोल्जर सनम बेवफ़ा तुमको ना भूल पाएंगे जैसी फिल्मों में नजर आए। वो अर्चना पूरन सिंह के साथ डेब्यू एपिसोड दस्तक में दिखाई दिए। साथ ही टीवी सीरीज जी हॉरर शो में मुख्य भूमिका में दिखाई दिए। इसके अलावा पंकज टीवी सीरीज कानून में एक बचाव पक्ष के वकील के रूप में भी मुख्य भूमिका निभा चूके हैं जो कि कोर्ट रूम ड्रामा पर आधारित एक श्रृंखला थी।
Q.पंकज धीर का पुत्र कौन है?
Ans: Nikitin Dheer.
सन् 2006 में पंकज धीर ने अपने भाई सतलुज धीर के साथ जोगेश्वरी, मुंबई में एक शूटिंग स्टूडियो उस बेस स्टूडियो की स्थापना की। इसके अलावा वह चन्द्रकांता रिश्तों के सौदागर के ग्रेट मराठा राजा की आएगी बारात, शोभा, सोमनाथ की दिल की बातें, दिल ही जाने, अदालत, द्रोपदी, डोली अरमानों की, ससुराल सिमर का जैसे धारावाहिकों में भी नजर आए हैं। पंकज धीर अपने फिल्मी करियर में 40 से अधिक फिल्मों में काम कर चूके हैं और साथ ही कई टेलीविजन धारावाहिकों में भी नजर आए हैं। अपने पूरे कैरिअर में पंकज को उनकी अभिनय, कला और कद काठी को लेकर खूब सराहना मिली। साथ ही उनकी बुलंद आवाज के आज भी लोग कायल हैं। अभिनेता के अलावा पंकज एक प्रशिक्षित लेखक और निर्देशक भी है। सन 2016 में पंकज ने माई फादर गॉडफादर नाम की फ़िल्म लिखी और साथ में इसका निर्देशन भी किया। इस फ़िल्म में पंकज की बहु भी नजर आईं। उन्होंने कई प्रसिद्ध निर्देशकों की सहायता भी की है। कहा जाता है कि पंकज ने एक बार सहायक निर्देशक के तौर पर अपनी पहली फ़िल्म के मुख्य सहायक निर्देशक को बहुत पीटा था। पंकज ने अपने इंटरव्यू में खुद बताया कि उनकी पहली फ़िल्म के मुख्य सहायक निर्देशक उन्हें बेहद धमकाते थे। शूटिंग के दौरान लंच समय में वह पंकज से अपनी मसाज करवातें थे। इसके अलावा रात के 11:00 बजे तक फ़िल्म के सेट पर उन्हें बहुत इंतज़ार करवातें थे ताकि जब वो शराब पिए और नशे में हो तो पंकज उन्हें घर छोड़ सके। 1 दिन हुआ यूं कि पंकज ने फ़िल्म के सहायक निर्देशक को कमरे में अकेला बैठा देखा और मौके का फायदा उठाते हुए पंकज ने अपना मुँह रजाई से ढक लिया और संतुष्ट होने तक पीटते रहे। बात करे पंकज के पारिवारिक जीवन की तो उनके पिता सीएल धीर थे जो संसार से 70 के दशक के मशहूर बॉलीवुड फ़िल्म डायरेक्टर रह चूके हैं। सील धीर को बहु बेटी और जिंदगी जैसी फ़िल्म के लिए जाना जाता है।
Q.कौन हैं पंकज धीर की पत्नी?
Ans:Anita Dheer
इसके विपरीत पंकज की माँ की कोई भी जानकारी उपलब्ध नहीं है, लेकिन पंकज के भाई हैं, जिनका नाम सतलुज धीर है और वह एक फ़िल्म प्रोड्यूसर हैं। सतलुज को इक्के पे एक का मूवी के लिए जाना जाता है। बात करे इनके निजी जीवन की तो अभिनेता पंकज धीर ने अनीता धीर से शादी की है, जो कि एक भारतीय कॉस्टयूम डिज़ाइनर है। दोनों का एक बेटा और एक बेटी भी है। बेटे का नाम निकितन धीर है और बेटी का नाम निकिता शाह है।
Q.पंकज धीर कितने साल के हैं?
Ans: 62 years old .( 9 November 1959)
निकेतन एक फेमस बॉलिवुड ऐक्टर है जो हिंदी फिल्मों के अलावा तेलुगू भाषा की फिल्मों और टेलीविजन रोज़ में काम करते हैं। इसके साथ ही वह फियर फैक्टर खतरों के खिलाड़ी पांच के प्रतियोगी के रूप में जाने जाते हैं। इसके अलावा इन्हें चेन्नई एक्सप्रेस, दबंग टू जैसी सफल फिल्मों के लिए जाना जाता है। मैं पंकज की बहू का नाम कृतिका सिंगर है जो कि छोटे पर्दे की जानी मानी अदाकारा हैं। उन्होंने 2007 में प्रेरणा गिल की भूमिका निभाते हुए कसौटी जिंदगी की के साथ अपने कैरिअर की शुरुआत की। इसके अलावा झांसी की रानी में रानी लक्ष्मी ।
