मल्लिका शेरावत अचानक फिल्मों से कहां गायब हो गई बॉलीवुड की मल्लिका ने खोली पोल

 

इस दुनिया में एक से बढ़कर एक महान लोग पैदा हुए हैं और उसमें सबसे ज्यादा महान लोग बॉलीवुड में काम करते हैं। यहाँ पर काम करते करते लोग इतने महान बन जाते हैं कि आम इंसान इनके लिए कीड़े मकोड़े के जैसा हो जाता है। आज मैं जीस कलाकार की बात करूँगा। यह अपने समय में एक महान एक्ट्रेस थीं। मुँह में मुँह घुसेड़कर एक सिस्टेमैटिक तरीके से ऑक्सीजन सप्लाइ कैसे करते हैं, ये इन्होंने ही सिखाया था। हालांकि इससे पहले भी काफी बार ये टेक्नोलॉजी यूज़ की गई थी लेकिन पूरी शिद्दत से कैसे करते हैं? ऑक्सीजन सप्लाइ कैसे करते हैं, ये हमे इन्होंने ही बताया था। ये महान एक्ट्रेस हैं मल्लिका शेरावत चुंबन क्वीन मल्लिका शेरावत इमरान हाश्मी मेल सीरियल किसर है, तो फीमेल्स में मल्लिका शेरावत है। मल्लिका शेरावत पहले से जानती थी कि बॉलीवुड में जगह बनाना इतना आसान नहीं होता है तो वो पूरी तैयारी के साथ में आई थी। कैसे मल्लिका ने बॉलीवुड में जगह बनाई? और मल्लिका की पिछली लाइफ कैसी थी? और सबसे बड़ी बात कि आज मैडम कहाँ पर है? इन सब सवालों के जवाब मिलेंगे इस वीडियो में मल्लिका शेरावत का असली नाम है रीमा लांबा। रीमा उर्फ मल्लिका का जन्म हुआ था। 24 अक्टूबर 1976 को हिसार, हरियाणा में मल्लिका एक जाट परिवार से बिलॉन्ग करती है। मल्लिका के पिता मुकेश कुमार लांबा एक सरकारी अधिकारी थे। मल्लिका के पिता का सरनेम है लांबा जो शेरावत यूज़ करती है वो इसकी माँ का सरनेम में। ये अपने माँ का सरनेम यूज़ करती है ना कि पिता का। मल्लिका का एक भाई भी है। इसकी पढ़ाई दिल्ली से ही हुई थी और स्कूलिंग खत्म करके मल्लिका ने दिल्ली के मिरिंडा हाउस कॉलेज से फिलॉसफी में ग्रैजुएशन पूरी की और एयर होस्टेस बन गई। एयर होस्टेस के बाद इसे फिल्मों का शौक लगा और साथ में मोडलिंग में भी ट्री करने लगी। उसी दौरान मल्लिका ने अमिताभ बच्चन के साथ में बीपीएल और शाहरुख खान के साथ में सैंट्रो की ऐड में काम किया। इसके बाद निर्मल पांडे के म्यूजिक वीडियो में काम किया। तो फिर लेट पंजाबी एक्टर सुरजीत बिंदरखिया के एक फेमस सॉन्ग में भी नजर आईं। इसके बाद इसे फिल्मों में ब्रेक मिला। फिल्मों में पहला रोल मिला था फ़िल्म जीना सिर्फ मेरे लिए। मैं इसमें तुषार कपूर और करीना खान आंटी तैमूर वाली लीड रोल में थे। इसी फ़िल्म के दौरान मल्लिका की जान पहचान हुई। गोविंद मेनन के साथ गोविंद मेनन एक शोर्ट टाइम डायरेक्टर, राइटर और प्रोड्यूसर था। जान पहचान इतनी गहरी हुई कि मल्लिका के हुस्न का जादू गोविंद के सर चढ़कर बोलने लगा और उसने मल्लिका को रोल में रखकर एक फ़िल्म बनाई। फ़िल्म का नाम था ख्वाहिश लीड एक्टर था हिमांशु मलिक। फ़िल्म सिर्फ मल्लिका की दुकान का फ्लॉप शो था। इसके अलावा कुछ नहीं था। अपने शरीर की नुमाइश के अलावा मल्लिका ने इस फ़िल्म के अंदर 1718 किसिंग सीन्स दिए और सारे के सारे फुल अश्लीलता के साथ में जब कोई नयी नयी एक्ट्रेस फिल्मों में आती है और आते ही कपड़े उतारकर किसिंग के नाम पर अपने सारे खेत खलिहान दिखा दे, सॉरी अपनी दुकान का सारा सामान दिखा दे तो उसकी चर्चा होनी लाजिमी है। ख्वाहिश फ़िल्म भले ही फ्लॉप हो गई थी लेकिन फ़िल्म से मल्लिका शेरावत थोड़ी सी चर्चा में आ गई थी। इधर फ़िल्म का डायरेक्टर राइटर गोविंद मेनन जो है मल्लिका के टैलेंट को और अच्छे से निकालना चाहता था। वह गहराई से अंदर तक इसके टैलेंट को खोदकर बाहर निकलना चाहता था। तो उसने जो है विवेक नायक नाम के प्रोड्यूसर के साथ में एक और फ़िल्म बनाई और नाम था किस किसकी किस्मत? विवेक नायक की पिछली फ़िल्म ख्वाहिश का भी प्रोड्यूसर था। मतलब मल्लिका के इंडस्ट्री में आते ही टैलेंट को खोद खोदकर बाहर निकालने में इन्हीं दोनों का हाथ रहा है। गोविंद मेनन और विवेक नायक। लेकिन यह फ़िल्म भी बुरी तरह से फ्लॉप हो गई और फ़िल्म के प्रोड्यूसर ने हाथ जोड़ लिए कि भाई जितनी खुदाई कर सकता था कर ली। अब इससे ज्यादा खुदाई करके टैलेंट को बाहर मैं नहीं निकल पाऊंगा। फिर सामने आया बॉलिवुड का एवरग्रीन आशिक मिज़ाज, ठरकी, सॉरी डायरेक्टर प्रोड्यूसर महेश भट्ट महेश भट्ट ने सोचा की भाई कुवारी कन्या नयी नयी बॉलीवुड में आई है तो मौके का फायदा उठाया जाए और जमीन पर एक पौधा अपने नाम का भी लगाया जाए। बस फिर क्या था महेश भट्ट ने जो हैं इमरान हाश्मी को लेकर मल्लिका के साथ में मर्डर फ़िल्म बनाई और उसमें किसिंग सीन्स के साथ में मल्लिका ने जो एक्टिंग के नाम पर अश्लीलता फैलाई उससे मल्लिका रातों रात फेमस हो गयी। ये मल्लिका की पहली सक्सेस मूवी थी। मर्डर मूवी भी हॉलीवुड की फ़िल्म अनफेथफुल की रीमेक थी। लेकिन फ़िल्म के दौरान महेश भट्ट ने मल्लिका के एक एक नट बोल्ट को खोल खोलकर अच्छे से चेक किया और महेश भट्ट वैसे भी खिलाड़ी आदमी है। तो समझ गया था की साला छोटी गंगा में बोल के नाले में कूदा दिया। इसके बाद महेश तकला भट्ट मल्लिका की तरफ पैर करके उसने सोना भी छोड़ दिया। दरअसल, मल्लिका जब फिल्मों में आई थी तो उसने अपनी एज अपनी बैकग्राउंड सब कुछ झूठा बताया था। उस वक्त मल्लिका ने बताया था कि वो 1982 बॉन है जबकि मैडम 1976 थी। यही नहीं कई वेबसाइट में मल्लिका का जन्म 1972 भी लिखा हुआ है। इसमें 1982 अपना जन्म बताया तो महेश बट जैसे को लगा कि बेटा कच्ची कली मिल गयी झपट्टा मार लो। वैसे भी महेश तो छोटी छोटी बच्चियों को लॉलीपॉप देने के लिए वर्ल्ड वाइड फेमस हैं, लेकिन महेश भट्ट को जब पता चला की यहाँ पर सांप का छेद नहीं है, मगरमच्छ का घर बना हुआ है तो बेचारा खुद ही सदमे में चला गया और वह दिन है और आज का दिन है। बंदे ने मल्लिका शेरावत का नाम तक नहीं लिया। मर्डर के बाद गोविंद मेनन ने फिर से इसे लेकर फ़िल्म बनाई। बचके रहना रे बाबा शायद गोविंद मेनन भूका इंसान था। और भूखे इंसान को सुखी रोटी भी परांठा लगती है। इसके बाद मल्लिका ने जैकी चैन के साथ में एक और फ़िल्म की और उसमें इसका बहुत छोटा सा रोल था। साल 2006 में इसकी बेक टू बेक तीन फ़िल्में आईं और तीनों की तीनों फ़िल्में फ्लॉप साबित हुई। इसके बाद मल्लिका को साइड रोल मिलने शुरू हो गए। जैसे गुरु में इसने आइटम सॉन्ग किया था आपका सर उम्र में इस ने कैमियो किया था। वेलकम अगली और पगली मान गए मुगलेआजम ये ऐसी फ़िल्में थीं जिसमें मल्लिका शेरावत जो है सिर्फ आँखें सेंकने के लिए कास्ट की गई थी और डायरेक्टर, प्रोड्यूसर जो थे इन फिल्मों के वो बिरयानी खाने के मूड में थे। 2008 के बाद 2010 में इसकी 2011 में थैंक यू। मैं इसने आइटम सॉन्ग किया और डबल धमाल में इसने एक छोटा सा कैमियो किया था। इसके बाद सीधी इसकी 2012 में मूवी आई और 2012 के बाद यह पूरी तरह से गायब हो गई। 2012 के बाद 2015 में डर्टी पॉलिटिक्स में दिखी और इसमें भी इसने जो है ओमपुरी के साथ मैं खुल कर इंटिमेट सीन्स दिए। ओम पुरी भी मल्लिका शेरावत से इतना ज्यादा खु़श हुआ कि फ़िल्म के प्रमोशन के दौरान उसने मल्लिका की दिल खोलकर तारीफ की। 

और नया पुराने