पिछले कुछ समय से लोग बॉलीवुड से ज्यादा साउथ की मूवीज़ के दीवाने हैं

 

 देखा जाए तो पिछले कुछ समय से लोग बॉलीवुड से ज्यादा साउथ की मूवीज़ के दीवाने हो रहे हैं। किसी पर पुष्पा का नशा चढ़ा है तो कोई केजीएफ के इंतजार में तारे गिन रहा है। किसी के सिर से नाटो नाटो का जादू नहीं उतर रहा है तो कोई अभी भी बाहुबली के गानों पर परफॉर्म करता है। वरुण सब मूवीज़ में जान डालने का काम एक ऐक्टर बखूबी तरह से करता है। लोग सलमान, शाहरुख से ज्यादा आजकल यश प्रभास और अल्लू अर्जुन को फॉलो करते नजर आ रहे हैं। इन ऐक्टर्स ने अपनी दमदार परफॉर्मेंस से सभी को अपनी धुन पर नाचने को मजबूर कर रखा है।

 रामचरण हम सबसे पहले फ़िल्म आरआरआर के सुपरस्टार रामचरण की ही बात कर रहे हैं, जिनकी फ़िल्म की आजकल चारों तरफ तारीफ हो रही है। 37 साल के राम चरण का जन्म 27 मार्च 1985 को चेन्नई में हुआ था। वैसे शायद कम ही लोग जानते हैं कि राम चरण एक्टिंग के 771 सक्सेसफुल बिज़नेस मैन भी है। उनकी अपनी एयरलाइन्स कंपनी है और उसके अलावा ये पोलो राइडिंग क्लब, डबल सर्किट, कोनिडेला प्रोडक्शन कंपनी ऑब्स्टेकल रनिंग, सिरीज़ और माँ टीवी के शेयर्स में भी हिस्सा रखते हैं। रामचरण तेजा ने साल 2007 में फ़िल्म चिरुथा से अपने करियर की शुरुआत की और धीरे धीरे करके इनकी हर फ़िल्म के साथ ही लोगों के दिलों में जगह बनाने लगे। अब इतनी जगह जिसे इंसान का इन्वेस्टमेंट होगा, उसका नेटवर्क तो वैसे ही हाई जाएगा। इनका नेटवर्क करीब 1300 करोड है। वैसे आपको बता दें कि ये कोई छोटे मोटे घर से नहीं बल्कि साउथ मेगास्टार चिरंजीवी के घर जन्मे हैं। अब जिसकी रगों में चिरंजीवी जैसे महान एक्टर का खून दौड़ता हो, उसका फेमस होना तो वैसे ही बनता है। 

नमूना ये सूर्य अगर साउथ के सबसे बड़े ऐक्टर्स की बात हो तो उनमें ऐक्टर सूर्य का नाम तो आना ही आना है। कभी कपड़े की फैक्टरी में काम कर चूके सूर्य ने अपने जीवन में काफी संघर्ष के बाद एक मुकाम को हासिल किया है। इनके अधिकारी के पूरे साउथ में लोग दीवाने हैं। 1975 में जन्मे सूर्य ने साल 1997 में आई फ़िल्म नेरुक्कू नर से एक लेबर जगत में डेब्यू किया था और उनकी पहली ही फ़िल्म को लोगों ने ढेर सारा प्यार भी दिया और फिर के ऐक्टर को एक के बाद एक फ़िल्म मिलती गई और दिन पे दिन इनकी पॉपुलैरिटी ने आसमान छू लिया और लोग इन्हें अब साउथ के सिंघम के नाम से जानते हैं। आपको बता दें कि सूर्य की पॉपुलैरिटी के साथ साथ उनका नेटवर्क भी काफी अच्छा खासा है। माना जाता है कि सूर्य का नेटवर्क लगभग 250 करोड़ के आसपास है और वो एक फ़िल्म के लिए लगभग 35 से ₹40, करोड के आसपास लेते हैं। ट्रैक्टर की कमाई का जरिया ना सिर्फ उनकी फ़िल्म है बल्कि प्रोडक्शन हाउस, स्टूडियो, इंटरटेनमेंट, टीवी होस्टिंग और कई ब्रैंड इंडोर्समेंट में भी शामिल है। आपको बता दें कि उन्होंने अपनी अदाकारी का फ़िल्म पर ऐसा जादू चलाया कि फ़िल्म को ऑस्कर अवॉर्ड के लिए नॉमिनेट भी किया गया पर बाद में ये उस रेस से बाहर हो गईं। 

धनुष अब हम बात करेंगे साउथ फ़िल्म की जान और महान अभिनेता रजनीकांत के दामाद धनुष की। धनुष अपनी अदाकारी से लोगों का दिल जीतने में कभी भी नाकाम नहीं रहते हैं। उन्होंने केवल साउथ की ही नहीं बल्कि पूरे भारत को अपना फैन बना रखा है। साउथ के साथ साथ धनुष ने बॉलीवुड मूवीज़ में भी अपना हाथ आजमा रखा है और एक साउथ इंडियन होने के बाद भी। राँझना मूवी में धनुष ने एक बनारसी लड़के का शानदार किरदार निभाकर लोगों का दिल जीत लिया। शायद इसीलिए इन्हें आज पूरे देश में लोगों का प्यार भर भर के मिलता है। 28 जुलाई 1983 को चेन्नई में जन्में धनुष की उम्र अड़तीस साल है। ऐक्टर धनुष ने अपने फिल्मी करियर की शुरुआत नाम की फ़िल्म से की थी। इस फ़िल्म से तो नहीं पर ऐक्टर ने आने वाली फिल्मों से अच्छा खासा नाम कमा लिया था। हाल ही में अभी धनुष को ब्रिक्स फ़िल्म फेस्टिवल में बेस्ट एक्टर का खिताब भी मिला है।

 विजय थलापति अब इस ऐक्टर ने फ्रीज़ के मामले में मेगास्टार रजनीकांत को भी पीछे छोड़ दिया हो उसके बारे में आपको क्या ही बताये। हम बात कर रहे हैं साउथ ऐक्टर विजय थलापति की, जिन्होंने अपनी फ़िल्म थलापति 65 के लिए ₹100, करोड लिए हैं। हर कदम पर अपनी पहचान और मजबूत करते चल रहे विजय थलपति आज के समय में एक दिग्गज कलाकारों की लिस्ट में टॉप 10 में आते हैं। और तो और विजय ने करुणा काल में भी अपनी फ़िल्म मास्टर के जरिये शुरुआती दिनों में ही 200, करोड का बॉक्स ऑफिस कलेक्शन किया था। यह उस समय एक रेकोर्ड के रूप में देखा गया था। 18 साल की उम्र में विजय ने नाला या थिरक उसे अपना एक्टिंग डेब्यू किया था और विजय ने अब तक के करियर में तकरीबन 65 फिल्मों में काम किया है, जिनमें से ज्यादातर बॉक्स ऑफिस पर ब्लॉकबस्टर साबित हुई है। आपको बता दें कि ऐक्टर होने के साथ साथ बेहतरीन गाते भी हैं, जिन्होंने फ़िल्म थुप्पक्की में एक गाना गाया था। गूगल, गूगल जो की पॉपुलर हुआ था। इस गाने के लिए विजय को सबसे पॉपुलर तमिल गाने का अवॉर्ड भी मिला था। 

प्रभास, वेंकट सत्यनारायण, प्रभास राजू उप्पलपति जी हाँ, ये नाम शायद आपने पहली बार सुना हो पर इस नाम के पीछे जो एक्टर है, उसे आज दुनिया में कौन नहीं जानता? हम बात कर रहे हैं बाहुबली स्टार प्रभास की जिन्होंने अपनी मेहनत के दम पर बड़े बड़े सुपर स्टार्स को भी पीछे छोड़ दिया। प्रभास ने साल 2002 में तेलुगु फ़िल्म ईश्वर से अपने कैरिअर की शुरुआत की थी, लेकिन इन्हें इसके जरिए कोई खास पहचान नहीं मिली। पर कहते है ना आपकी मेहनत करने वाले के सामने तो ये दुनिया चुप है और शायद इसी का बेस्ट एक्जाम्पल हैं प्रभास की फ़िल्म बाहुबली, जिसमें उनके किरदार ने इतना नाम कमाया कि आज उन्हें ना केवल साउथ में बल्कि पूरे देश में बच्चा बच्चा भी जानता है। हैंडसम हंक प्रभास को उनके दमदार बॉडी और शानदार लुक्स के लिए भी बहुत पसंद किया जाता है। यही वजह है कि उन्होंने मोस्ट हैंडसम मैन का खिताब भी जीता है। साल 2021 में टॉप 10 मोस्ट हैंडसम की लिस्ट जारी की गई थी और इसमें प्रभास ने सभी को पछाड़कर पहले नंबर पर अपना नाम दर्ज करवाया है। 

यश कहते हैं, देने वाला जब भी देता है तो छप्पर फाड़कर देता है और यह बात एक्टर यश के केस में एकदम सटीक बैठती है। 8 जनवरी 1986 को जन्मे यश ने वैसे तो राजधानी, मिस्टर एंड मिस रामाचारी और किरधक का जैसी फ़िल्में की हैं, लेकिन उनकी पहचान केजीएफ चैपटर वन से ज्यादा होती है। ये एक ऐसी फ़िल्म थी जिसे लोगों ने उम्मीद से भी ज्यादा प्यार दिया। लोगों ने तो यश का नाम ही रॉकी भाई रख दिया। कुछ लोगों ने इनके हेयर स्टाइल कॉपी की तो कुछ ने इनका आदिति उन्हें लोगों के बीच इनके लिए ऐसा दीवानापन छाया की। हर किसी की जुबान पर बस तीन की अगली फ़िल्म केजीएफ चैपटर टू का ही नाम सुनने को मिलता। साथ ही आपको बता दें कि यश करीब 500 करोड की प्रॉपर्टी के मालिक हैं और इनके पास बैंगलोर में करीब ₹4,00 करोड का आलीशान बंगला भी है। पिछले साल ही यश ने दूसरा घर खरीदा था, लेकिन आपको यह जानकर हैरानी होगी कि इतने बड़े ऐक्टर के पिता अभी भी एक बस चालक के रूप में काम करते हैं और ये बात खुद यश ने एक इंटरव्यू के दौरान बताई थी। 
महेश बाबू अब अगर हम तेलुगू मूवीज़ की बात करें और महेश बाबू का नाम ना आये तो फिर तो ये लिस्ट एकदम अधूरी ही होगी हैं क्योंकि इन्हें तो तेलुगू मूवीज़ की और शान के रूप में देखा जाता है। महेश बाबू ने अपने स्टाइल और अपनी फिल्मों से। 
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